“दुबई स्थित सोलस्टिस डेटा ने केरल के कन्नूर जिले में 52,600 करोड़ रुपये के निवेश के लिए एमओयू साइन किया है। यह प्रोजेक्ट मट्टनूर के केइन्फ्रा इंडस्ट्रियल पार्क में 100 एकड़ जमीन पर AI-आधारित हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग डेटा सेंटर कैंपस विकसित करेगा, जो 5-7 साल में पूरा होगा और केरल को डिजिटल हब बनाने में अहम भूमिका निभाएगा।”
दुबई स्थित सोलस्टिस डेटा ने भारत में अब तक के सबसे बड़े निवेशों में से एक के तहत केरल सरकार के साथ समझौता किया है। कंपनी ने कन्नूर जिले के मट्टनूर में स्थित केइन्फ्रा इंडस्ट्रियल पार्क में 52,600 करोड़ रुपये का निवेश करने का फैसला किया है। यह राशि AI-ड्रिवन हाई-परफॉर्मेंस कंप्यूटिंग (HPC) डेटा सेंटर और संबंधित सुविधाओं के विकास के लिए इस्तेमाल होगी।
इस समझौते के तहत पार्क के अंदर लगभग 100 एकड़ जमीन कंपनी को आवंटित की गई है। केइन्फ्रा इंडस्ट्रियल पार्क कुल 175 एकड़ में फैला है, जिसमें इंफ्रास्ट्रक्चर विकास के बाद 123 एकड़ जमीन औद्योगिक उपयोग के लिए उपलब्ध थी। इस निवेश से पार्क की बची हुई 100 एकड़ जमीन पूरी तरह से उपयोग में आ जाएगी, जो क्षेत्र में औद्योगिक विस्तार का बड़ा संकेत है।
सोलस्टिस डेटा एक वैश्विक कंपनी है जो AI-आधारित डेटा सेंटर्स के डिजाइन, विकास और संचालन में विशेषज्ञता रखती है। कंपनी ने पहले ही अमेरिका, कनाडा और अन्य देशों में 60 से अधिक डेटा सेंटर प्रोजेक्ट्स पूरे किए हैं। इसका मुख्यालय दुबई में है और अब भारत में एंट्री के साथ यह कंपनी एशियाई बाजार में अपनी मजबूत उपस्थिति दर्ज करा रही है।
यह निवेश 5 से 7 साल की अवधि में चरणबद्ध तरीके से किया जाएगा। प्रोजेक्ट के पहले चरण में बुनियादी ढांचे का विकास, पावर बैकअप सिस्टम, कूलिंग टेक्नोलॉजी और हाई-स्पीड कनेक्टिविटी पर फोकस रहेगा। AI और HPC डेटा सेंटर्स को भारी बिजली और पानी की जरूरत होती है, इसलिए कंपनी ने केरल की उपलब्धता और नवीकरणीय ऊर्जा स्रोतों पर विशेष ध्यान दिया है।
केरल के लिए यह निवेश कई मायनों में गेम-चेंजर साबित हो सकता है। राज्य में डेटा सेंटर सेक्टर तेजी से बढ़ रहा है, क्योंकि भारत का डिजिटल इकोसिस्टम 2025-2030 के बीच कई गुना विस्तार की उम्मीद है। AI, क्लाउड कंप्यूटिंग और बिग डेटा की मांग बढ़ने से डेटा सेंटर क्षमता की जरूरत 10 गुना तक बढ़ सकती है। इस प्रोजेक्ट से हजारों प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे, खासकर आईटी, इंजीनियरिंग, सिक्योरिटी और मेंटेनेंस क्षेत्रों में।
प्रमुख विशेषताएं और प्रभाव
निवेश राशि : 52,600 करोड़ रुपये (लगभग 6.3 अरब अमेरिकी डॉलर)
जमीन : 100 एकड़ (केइन्फ्रा इंडस्ट्रियल पार्क, मट्टनूर, कन्नूर)
प्रोजेक्ट प्रकार : AI-ड्रिवन HPC डेटा सेंटर कैंपस
समयावधि : 5-7 वर्ष
रोजगार सृजन : हजारों प्रत्यक्ष नौकरियां, प्लस सप्लाई चेन में अप्रत्यक्ष रोजगार
आर्थिक प्रभाव : केरल को AI और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर हब बनाने में योगदान, राज्य की GDP में बढ़ोतरी की संभावना
एमओयू का आदान-प्रदान तिरुवनंतपुरम में हुआ, जिसमें सोलस्टिस डेटा के भारत प्रमुख राज बाबू थुलासिधरन और केइन्फ्रा के प्रबंध निदेशक संतोष कोशी थॉमस ने हस्ताक्षर किए। इस मौके पर केरल के उद्योग मंत्री पी राजीव भी मौजूद थे।
यह कदम भारत-यूएई आर्थिक संबंधों को और मजबूत करेगा, क्योंकि दुबई से भारत में निवेश का यह एक प्रमुख उदाहरण है। सोलस्टिस डेटा का फोकस सस्टेनेबल और हाई-एफिशिएंसी डेटा सेंटर्स पर है, जो ग्रीन एनर्जी और एडवांस्ड कूलिंग टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल करेगा। इससे पर्यावरणीय प्रभाव को कम करने में मदद मिलेगी।
प्रोजेक्ट पूरा होने पर यह भारत के दक्षिणी हिस्से में सबसे बड़े AI-इंफ्रास्ट्रक्चर हब में से एक बन सकता है, जो स्टार्टअप्स, रिसर्च इंस्टीट्यूशंस और बड़े टेक कंपनियों के लिए आकर्षक बनेगा।
Disclaimer : यह खबर उपलब्ध जानकारी और रिपोर्ट्स पर आधारित है। निवेश योजनाएं बाजार स्थितियों, सरकारी मंजूरियों और अन्य कारकों पर निर्भर करती हैं।